दैनिक जागरण: सुल्तानपुर: Saturday, October 05, 2013.
एक
गांव के विकास कार्यो के बावत मांगी गई सूचनाएं उपलब्ध न कराना जयसिंहपुर के खंड
विकास अधिकारी को महंगा पड़ गया है। राज्य सूचना आयोग ने संबंधित प्रकरण को लेकर
बीडीओ पर 25 हजार रुपये का जुर्माना ठोंका
है। अपने आदेश में राज्य सूचना आयुक्त ने कहा है कि खंड विकास अधिकारी के वेतन से
उक्त धनराशि की कटौती किश्तों में की जाए।
बताते
चलें कि जयसिंहपुर ब्लॉक के सुरौली गांव निवासी गुलाम मेंहदी ने प्रधान द्वारा
कराए गए विकास कार्यो के संदर्भ में पांच सूत्रीय जानकारी 17 मई 2010
को खंड विकास अधिकारी से
मांगी थी। इसके लिए बकायदा निर्धारित धनराशि भी पोस्टल ऑर्डर के जरिए जमा की गई।
बावजूद इसके खंड विकास अधिकारी ने जवाब देना मुनासिब नहीं समझा। अंतत:प्रश्नकर्ता
गुलाम मेंहदी ने राज्य सूचना आयोग में गुहार की। प्रकरण की सुनवाई करते हुए
राज्यसूचना आयुक्त ज्ञानप्रकाश मौर्य ने गत दस अगस्त 2011 को बीडीओ के खिलाफ ढ़ाई सौ रुपये प्रतिदिन के हिसाब
से अर्थदंड लगाया। फिर भी गुलाम मेंहदी को वांछित सूचनाएं नहीं उपलब्ध कराई गई। गत
माह प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुन:सुनवाई के दौरान राज्य सूचना आयुक्त मौर्य
ने आयोग के सचिव को निर्देशित किया कि खंड विकास अधिकारी जयसिंहपुर के वेतन से 25 हजार रुपये की कटौती पांच समान किश्तों में किए जाने
की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। आयुक्त ने इस संदर्भ में ग्राम्य विकास विभाग के
प्रमुख सचिव को भी कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।