एनडीटीवी खबर; मुंबई, मंगलवार, अक्टूबर 12, 2010
महाराष्ट्र सरकार ने सूचना का अधिकार कानून के तहत पूछे गए सवालों का जवाब देने में विलंब करने या उन्हें नजरअंदाज करने पर प्राथमिक सूचना अधिकारियों पर सामूहिक रूप से 26 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया है।
राज्य के मुख्य सूचना आयुक्त सुरेश जोशी ने सूचना का अधिकार कानून के कार्यान्वयन के पांच साल पूरे होने पर आंकड़ों का खुलासा करते हुए सोमवार को कहा कि वर्ष 2009 में 347 अधिकारियों पर 26,57,691 रुपये का जुर्माना लगाया गया।
उन्होंने कहा कि यह जुर्माना सवालों को नजरअंदाज करने या सूचना देने में विलंब करने पर लगाया गया है। जुर्माने की राशि वर्ष 2006 के बाद से बढ़ा दी गई है।