Dainik Bhaskar: Aurangabad: Thursday, March 20, 2025.
औरंगाबाद में बुधवार सुबह 9 बजे अपराधियों ने एक RTI एक्टिविस्ट और यूट्यूबर रंजीत पासवान (38) की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना कुटुंबा थानाक्षेत्र के संडा मटपा पथ स्थित कंठी बिगहा मोड़ के पास की है। वह औरंगाबाद के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. जन्मेजय कुमार के क्लीनिक में कंपाउंडर था। साथ ही एक यूट्यूब चैनल के लिए भी काम करता था। रंजीत स्थानीय सामाजिक गतिविधियों में भी सक्रिय रहता था।
रंजीत औरंगाबाद जा रहा था। तभी कंठी बिगहा मोड़ पर पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उसकी बाइक रुकवाई। सड़क किनारे एक पुलिया पर बैठकर कुछ देर बातचीत की। फिर अचानक उसके सीने में गोली मार दी। मौके पर ही रंजीत की मौत हो गई। गोली की आवाज सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे लोग मौके पर पहुंचे। तब तक स्प्लेंडर बाइक पर सवार अपराधी हरिहरगंज की तरफ फरार हो गए। घटना के विरोध में स्थानीय ग्रामीणों ने NH 139 को जाम कर प्रदर्शन किया।
4 घंटे तक घटनास्थल पर ही पड़ा रहा शव
घटना की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। घटना की जानकारी मिलने पर कुटुंबा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह भी दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच पड़ताल में जुट गए। पुलिस ने घटनास्थल से 7.6 mm का एक खोखा, मृतक का बाइक और मोबाइल फोन बरामद किया है। FSL की टीम के द्वारा सबूत जुटाने की कार्रवाई पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाने लगा तो आक्रोशित ग्रामीणों ने घटनास्थल पर वरीय पदाधिकारियों को बुलाए जाने की मांग को लेकर शव उठाने से मना कर दिया। लगभग चार घंटे तक शव घटनास्थल पर ही पड़ा रहा।
सर्किल इंस्पेक्टर सूरज कुमार, अंबा थानाध्यक्ष राहुल राज और सिमरा थानाध्यक्ष आकाश कुमार भी घटनास्थल पर पहुंचे तथा ग्रामीणों को समझाने बुझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांग पर अड़े थे। घटना की जानकारी मिलने पर सदर SDPO संजय पांडेय घटनास्थल पर पहुंचे और अपराधियों को एक सप्ताह के अंदर पकड़े जाने का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत कराया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
SDPO बोलें- जल्द होगा मामले का खुलासा
थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया है। मृतक RTI एक्टिविस्ट भी था। वह आसपास में होने वाले भ्रष्टाचार के मामलों को यूट्यूब चैनल के माध्यम से उजागर करता था। कुछ लोग इसी बात से नाराज चल रहे थे और पहले उसे हत्या की धमकी भी मिली थी। पुलिस ने घटनास्थल से मृतक का मोबाइल बरामद किया है। SDPO संजय कुमार पांडेय ने बताया कि घटना के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है, लेकिन पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए SP के निर्देश पर SIT का गठन किया गया है। जल्द ही मामले का खुलासा कर लिया जाएगा। अपराधी चाहे कोई भी हो बख्शे नहीं जाएंगे।
औरंगाबाद में बुधवार सुबह 9 बजे अपराधियों ने एक RTI एक्टिविस्ट और यूट्यूबर रंजीत पासवान (38) की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना कुटुंबा थानाक्षेत्र के संडा मटपा पथ स्थित कंठी बिगहा मोड़ के पास की है। वह औरंगाबाद के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. जन्मेजय कुमार के क्लीनिक में कंपाउंडर था। साथ ही एक यूट्यूब चैनल के लिए भी काम करता था। रंजीत स्थानीय सामाजिक गतिविधियों में भी सक्रिय रहता था।
रंजीत औरंगाबाद जा रहा था। तभी कंठी बिगहा मोड़ पर पहले से घात लगाए बैठे अपराधियों ने उसकी बाइक रुकवाई। सड़क किनारे एक पुलिया पर बैठकर कुछ देर बातचीत की। फिर अचानक उसके सीने में गोली मार दी। मौके पर ही रंजीत की मौत हो गई। गोली की आवाज सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे लोग मौके पर पहुंचे। तब तक स्प्लेंडर बाइक पर सवार अपराधी हरिहरगंज की तरफ फरार हो गए। घटना के विरोध में स्थानीय ग्रामीणों ने NH 139 को जाम कर प्रदर्शन किया।
4 घंटे तक घटनास्थल पर ही पड़ा रहा शव
घटना की सूचना मिलते ही घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। घटना की जानकारी मिलने पर कुटुंबा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह भी दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और मामले की जांच पड़ताल में जुट गए। पुलिस ने घटनास्थल से 7.6 mm का एक खोखा, मृतक का बाइक और मोबाइल फोन बरामद किया है। FSL की टीम के द्वारा सबूत जुटाने की कार्रवाई पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाने लगा तो आक्रोशित ग्रामीणों ने घटनास्थल पर वरीय पदाधिकारियों को बुलाए जाने की मांग को लेकर शव उठाने से मना कर दिया। लगभग चार घंटे तक शव घटनास्थल पर ही पड़ा रहा।
सर्किल इंस्पेक्टर सूरज कुमार, अंबा थानाध्यक्ष राहुल राज और सिमरा थानाध्यक्ष आकाश कुमार भी घटनास्थल पर पहुंचे तथा ग्रामीणों को समझाने बुझाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपनी मांग पर अड़े थे। घटना की जानकारी मिलने पर सदर SDPO संजय पांडेय घटनास्थल पर पहुंचे और अपराधियों को एक सप्ताह के अंदर पकड़े जाने का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत कराया। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
SDPO बोलें- जल्द होगा मामले का खुलासा
थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए परिजनों को सौंप दिया गया है। मृतक RTI एक्टिविस्ट भी था। वह आसपास में होने वाले भ्रष्टाचार के मामलों को यूट्यूब चैनल के माध्यम से उजागर करता था। कुछ लोग इसी बात से नाराज चल रहे थे और पहले उसे हत्या की धमकी भी मिली थी। पुलिस ने घटनास्थल से मृतक का मोबाइल बरामद किया है। SDPO संजय कुमार पांडेय ने बताया कि घटना के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है, लेकिन पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए SP के निर्देश पर SIT का गठन किया गया है। जल्द ही मामले का खुलासा कर लिया जाएगा। अपराधी चाहे कोई भी हो बख्शे नहीं जाएंगे।