Monday, September 07, 2015

परीक्षक ने दिए 53 अंक, मार्कशीट में 33 रह गए, RTI में हुआ खुलासा

Patrika: Kota: Monday, 07 September 2015.
परीक्षक ने छात्रा की मेहनत के मुताबिक अंक दिए, लेकिन जब अंकतालिका का प्रकाशन हुआ तो एक-दो नहीं पूरे 20 नम्बर कम हो गए। पीडित छात्रा ने सूचना के अधिकार के तहत कोटा विश्वविद्यालय से उत्तर पुस्तिका निकलवाई तो इसका खुलासा हुआ। छात्रा ने गलती ठीक करने के लिए विवि प्रशासन से गुहार लगाई है। राजकीय महाविद्यालय बूंदी की छात्रा शाहीन अंसारी ने गणित वर्ग से बीएससी तृतीय वर्ष की परीक्षा दी थी।
गलती सुधारने का मिला आश्वासन
गणित का द्वितीय प्रश्न पत्र अच्छा होने के बावजूद उसे सिर्फ 33 अंक मिले तो उसे लगा कि परीक्षक ने कॉपी जांचने में जरूर कोई गलती की है। इस पर शाहीन ने 24 जुलाई को सूचना के अधिकार का इस्तेमाल किया और विश्वविद्यालय से उत्तर पुस्तिका निकलवाई। इसमें परीक्षक ने उसे 53 अंक दिए थे, लेकिन मार्कशीट के प्रकाशन में गलती हुई। छात्रा ने विवि प्रशासन से गलती ठीक करने की गुहार लगाई है। जिस पर परीक्षा नियंत्रक प्रवीण भार्गव ने मार्कशीट की गलती सुधारने का आश्वासन दिया है।