Wednesday, February 18, 2015

'आरटीआई से जनता की ओर झुका पॉवर बैलेंस' : जावेद उस्मानी ने सिविल सेवा से लिया वीआरएस, आज लेंगे सीआईसी की शपथ

नवभारत टाइम्स: लखनऊ: Wednesday, 18 February 2015.
36 साल की सेवा देने के बाद राजस्व परिषद के चेयरमैन जावेद उस्मानी ने सोमवार को सिविल सेवा से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति ले ली। राजस्व परिषद के अधिकारियों ने उन्हें विदाई और नई पारी के लिए शुभकामनाएं दीं। उस्मानी मंगलवार को प्रदेश के मुख्य सूचना आयुक्त की शपथ लेंगे।
नई जिम्मेदारी पर उस्मानी ने कहा कि राज्य सूचना आयुक्त का मुख्य काम आरटीआई को सही ढंग से लागू कराना है। यह एक क्रांतिकारी अधिनियम है, जिसने पॉवर बैलेंस को सरकार की ओर से जनता की ओर झुकाया है। सरकार पर पारदर्शिता से काम करने का दबाव बढ़ा है। उन्होंने कहा कि 36 साल की इस सेवा के लिए उन्हें गर्व है और पछतावे की कोई वजह नहीं है। यह एक ऐसी जिम्मेदारी थी, जिसमें हर दो-तीन साल में आपकी जॉब चेंज हो जाती है। इससे हमेशा नया सीखने का मौका मिला। उस्मानी ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी की यही खूबी है कि वह जनता व राजनीति दोनों के ही दबाव के बीच नियम से काम करने का रास्ता कैसे निकाले? तीन दशकों में अपेक्षाओं में कोई फर्क नहीं आया है बस तकनीक बदल गई है। उन्होंने कहा कि अच्छे अधिकारी के लिए ईमानदारी व नैतिकता के पैमाने आज भी वहीं है जो तीन दशक पहले थे। राजस्व परिषद की ओर से आयोजित विदाई समारोह में उस्मानी ने सहयोग के लिए सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। आयुक्त एवं सचिव आलोक कुमार, सदस्य अनिल कुमार गुप्ता, राजीव अग्रवाल सहित दूसरे अधिकारियों ने भी अपने विचार रखे।