Wednesday, April 06, 2011

अनशन समाप्त कर बातचीत करें अन्ना.

दैनिक भास्कर ; नई दिल्ली, 6 अप्रैल 2011,
नई दिल्ली कांग्रेस ने अन्ना हजारे से अपील की है कि वे अपना अनशन समाप्त करके बातचीत के लिए आगे आएं। कांग्रेस का कहना है कि लोकपाल विधेयक पर चर्चा जारी है हर किसी को अपना इनपुट देने का अधिकार है और हजारे को भी अपनी बात रखनी चाहिए। पार्टी प्रवक्ता मनीष तिवारी ने कहा कि प्रधानमंत्री कार्यालय ने बहुत ही उचित तरीके से अन्ना हजारे से अनशन न करने की गुजारिश की थी। पीएमओ ने उनके अनशन को खेदजनक भी बताया है। पार्टी प्रवक्ता ने कहा कि जब लोकपाल विधेयक पर अभी विचार विमर्श की प्रक्रिया चल रही है तो अनशन का फैसला परिपक्व नहीं माना जा सकता है।
उन्होंने कहा कि हम चाहते है कि हजारे अपना अनशन समाप्त करके बातचीत की प्रक्रिया में खुद को शामिल करें। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि जहां तक अनशन की बात है किसी को भी रोका नहीं जा सकता है क्योंकि इस देश में सबको अपनी भावना व्यक्त करने का अधिकार है।
कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि हजारे का अनशन समाप्त करने की कोशिश केंद्र सरकार की ओर से जारी रहेगी। पार्टी और सरकार की ओर से प्रतिनिधि हजारे के संपर्क में हैं। सोमवार को प्रधानमंत्री कार्यालय के अधिकारियों के अलावा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण ने भी हजारे से बात की थी। लेकिन पार्टी का मानना है कि लोकपाल विधेयक पर हजारे और उनकी समर्थकों की मांग व्यावहारिक नहीं है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि लोगों के दबाव में ऐसे फैसले नहीं लिए जा सकते हैं। लोकपाल विधेयक पर व्यापक चर्चा की बात खुद प्रधानमंत्री ने की है। विशेषज्ञों से लेकर आमलोगों तक से रायशुमारी की जा रही है। प्रधानमंत्री हजारे से भी अपने सुझाव देने को कह चुके हैं। कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि रक्षा मंत्री ए के एंटनी की अध्यक्षता में बनी समिति भी विधेयक के पहलुओं पर गौर कर रही है। ऐसे में किसी को अपना रुख थोपने के बजाए बातचीत का हिस्सा बनकर सकारात्मक सुझाव देना चाहिए।